Top 5 उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय

राजस्थान से आए पत्थर बढ़ाएंगे राम मंदिर की शोभा, तराशे गए पत्थर मंदिर परिसर में ले जाने का काम शुरू

दशहर और दीपावली का आगमन होने वाला है. ऐसे में अयोध्या में हलचल तेज हो गई है. राम मंदिर के निर्माण के लिए श्रद्धालुओं में जोश देखते बन रहा है. अयोध्या में 5 अगस्त को पीएम मोदी के द्वारा भूमि पूजन किया था.राम जन्मभूमि परिसर में पत्थरों को ले जाने का काम भी शुरू हो चुका है.

बताया जा रहा है कि वैदिक रीति-रिवाज से पूजन के बाद पत्थरों को ले जाने का काम शुरू किया गया है. एल एंड टी कंपनी की मशीनों द्वारा पत्थरों को ले जाने का काम किया जा रहा है. राम मंदिर के निर्माण में इस्तेमाल होने वाले भारी-भरकम पत्थरों को ले जाने के लिए क्रेन मशीन और ट्रक लगाए गए हैं.

श्री रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने भी इस बात की पुष्टि की है. शुक्रवार शाम को ट्रस्ट के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से यह जानकारी शेयर की गई है. ट्रस्ट के ट्वीट में लिखा गया है,

ट्रस्टी डा. मिश्र ने बताया कि अभी राम मंदिर के फाउंडेशन का काम होना है. इसकी रिपोर्ट आ गयी है जिससे विशेषज्ञ संतुष्ट हैं और उन्होंने फाउंडेशन निर्माण की संस्तुति कर दी है. इसके चलते 15 अक्तूबर से फाउंडेशन निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो सकती है. उन्होंने बताया कि रामजन्मभूमि परिसर में ही कार्यशाला बनाई जाएगी. उन्होंने कहा कि 70 प्रतिशत पत्थरों की तराशी पहले ही हो गयी है लेकिन मॉडल में परिवर्तन के कारण तीस प्रतिशत पत्थरों की अतिरिक्त तराशी होनी है।

रामजन्मभूमि परिसर में कार्यशाला का स्थान नियत कर पत्थरों को अलग-अलग स्थान पर रखने के लिए प्लेटफार्म का निर्माण पहले ही कराया जा चुका है. इसी प्लेटफार्म पर ही ले जाए जा रहे पत्थरों को रखवाया जाएगा.

उधर रामघाट कार्यशाला में ग्राउंड फ्लोर के एक स्तम्भ का वैदिक रीति से पूजन कर उसके अलग-अलग खंडों को फूल-मालाओं से सुसज्जित एक ट्रक व एक ट्राली पर अलग-अलग रखवाया गया. इसके बाद उन्हें रामसेवकपुरम से होते हुए बाईपास के रास्ते बंधा तिराहा होकर शहर के मध्य से रामजन्मभूमि परिसर ले जाया गया. रामजन्मभूमि में ले जाए जा रहे पत्थरों को देखकर कौतुहल वश लोग जहां-तहां हाथ जोड़कर ठहर गये और जयश्रीराम का उदघोष कर अपनी प्रसन्नता व्यक्त की.

 

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *